Friday, October 9, 2009

जीवन-सूत्र

रास्ता खुद से बनाना चाहिए,

लक्ष्य पर नज़रें जमाना चाहिए,

है सदा संघर्ष जीवन में मगर,

मुश्किलों में मुस्कुराना चाहिए,


सोच कर कदमें बढ़ाना चाहिए,

हौसला-ए-दम दिखाना चाहिए,

पर कभी जब आधियाँ कुछ तेज हो,

धैर्य रख कर बैठ जाना चाहिए,


मन में एक विश्वास लाना चाहिए,

जिंदगी हँस कर बिताना चाहिए,

चीर कर पर्वत भी आगे बढ़ चलो,

हसरतों को ना मिटाना चाहिए.


ख्वाब से मन को सजाना चाहिए,

ख्वाब को सच भी बनाना चाहिए,

क्या पता कब लॉटरी खुल जाए किस्मत की,

रोज किस्मत आजमाना चाहिए,


प्रेम का पौधा उगाना चाहिए,

दिल से नफ़रत को मिटाना चाहिए,

जीत लो दिल हर किसी को चार लफ़्ज़ों में,

लब पे मीठे बोल लाना चाहिए,

23 comments:

Udan Tashtari said...

सोच कर कदमें बढ़ाना चाहिए,

हौसला-ए-दम दिखाना चाहिए,

पर कभी जब आधियाँ कुछ तेज हो,

धैर्य रख कर बैठ जाना चाहिए,


-बहुत सार्थक संदेश देती रचना पसंद आई. बधाई.

अनिल कान्त : said...

सकारात्मक सन्देश देती रचना !!

खुशदीप सहगल said...

विनोद भाई,

नए रास्ते चलने से बनते हैं...घिसे पिटे रास्तों पर चलना, घिसे-पिटे लोगों के लिए होता है...

जय हिंद

Dipak 'Mashal' said...

sakaratmak soch bhari oorja pradan karti kavita. achchha laga blog pe aake. badhai Vinod ji. aise hi likhte rahe.

M VERMA said...

पर कभी जब आधियाँ कुछ तेज हो,
धैर्य रख कर बैठ जाना चाहिए,
बहुत सुन्दर जीवन सूत्र.

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

"मन में एक विश्वास लाना चाहिए,
जिंदगी हँस कर बिताना चाहिए,
चीर कर पर्वत भी आगे बढ़ चलो,
हसरतों को ना मिटाना चाहिए."

विनोद कुमार पांडेय जी!
बहुत खूबसूरत नज़्म लिखी है आपने।
बधाई!

Arvind Mishra said...

आशा और विश्वास से भरपूर -जोरदार !

वाणी गीत said...

सदा संघर्ष जीवन में मगर,मुश्किलों में मुस्कुराना चाहिए,
चीर कर पर्वत भी आगे बढ़ चलो, हसरतों को ना मिटाना चाहिए.
प्रेम का पौधा उगाना चाहिए, दिल से नफ़रत को मिटाना चाहिए, जीत लो दिल हर किसी को चार लफ़्ज़ों में, लब पे मीठे बोल लाना चाहिए,
शुभकामनायें ..!!
प्रेरक सन्देश ..!!

Nirmla Kapila said...

"मन में एक विश्वास लाना चाहिए,
जिंदगी हँस कर बिताना चाहिए,
चीर कर पर्वत भी आगे बढ़ चलो,
हसरतों को ना मिटाना चाहिए."
बहुत ही प्रेरणा प्रद रचना है बधाई

प्रवीण शुक्ल (प्रार्थी) said...

bhut he behtreen rachna hai pandey ji man ko jhankrt karti hui is behtreen rachna ke liye meri badhaai swikaar kare
saadar
praveen pathik
9971969084

अविनाश वाचस्पति said...

इन पर अमल हो गया गर

तो बुराईयां और बुरे लोग

सब हो जायेंगे गायब

फिर ऐसी कविताओं का

भविष्‍य ही खत्‍म हो जाएगा।

राज भाटिय़ा said...

बहुत सुंदर कविता,जीवन मै एक विशवास जगाती है, बहुत अच्छी लगी.
धन्यवाद

दिगम्बर नासवा said...

सोच कर कदमें बढ़ाना चाहिए,
हौसला-ए-दम दिखाना चाहिए,
पर कभी जब आधियाँ कुछ तेज हो,
धैर्य रख कर बैठ जाना चाहिए,......

सार्थक रचना है ......... अछा सन्देश देती रचना है .........

ओम आर्य said...

EK BEHAD KHUBSOORAT RACHANA JO SUNDAR SANDESH KI WAHAK BHI HAI.........BAHUT BAHUT DHANYAWAD

योगेश स्वप्न said...

सोच कर कदमें बढ़ाना चाहिए,

हौसला-ए-दम दिखाना चाहिए,

पर कभी जब आधियाँ कुछ तेज हो,

धैर्य रख कर बैठ जाना चाहिए,

bahut khoob , himmat dene wali ek behatareen rachna , badhaai.

गिरीश बिल्लोरे 'मुकुल' said...

मुक़र्रर
साधू साधू
प्रेम का पौधा उगाना चाहिए, दिल से नफ़रत को मिटाना चाहिए, जीत लो दिल हर किसी को चार लफ़्ज़ों में, लब पे मीठे बोल लाना चाहिए,

Pankaj Mishra said...

माफ़ करियेगा देर से पहुचा आप्के ब्लाग पर

आप्की रचना सुन्दर है आभार आपका

महफूज़ अली said...

ख्वाब से मन को सजाना चाहिए, ख्वाब को सच भी बनाना चाहिए, wah ........ is line ne dil chhoo liya....... moral up kar diya is line ne ........

poori kavita bahut hi inspirative hai.........

bahut hi achcha aur positive message deti ek bahut hi achchi kavita,..............


Mujhe yeh kavita bahut achchi lagi............


gud n gr8.......

do keep it up.........

कुलवंत हैप्पी said...

बहुत खूबसूरत हौंसला बढ़ाने वाली आपकी पोस्ट है।

पी.सी.गोदियाल said...

ख्वाब से मन को सजाना चाहिए,
ख्वाब को सच भी बनाना चाहिए,
क्या पता कब लाटरी खुलजाए
रोज किस्मत आजमाना चाहिए !
क्या बात कही आपने , उम्मीद पे ही दुनिया कायम है !

Mumukshh Ki Rachanain said...

जीत लो दिल हर किसी का चार लफ्जों में
लैब पे मीठे बोल लाना चाहिए.

सुन्दर बात, सुन्दर भाव से परिपूर्ण है आपकी यह कविता.

बधाई

चन्द्र मोहन गुप्त
जयपुर
www.cmgupta.blogspot.com

Babli said...

शानदार, ज़बरदस्त और लाजवाब रचना के लिए ढेर सारी बधाइयाँ!

संजय भास्कर said...

बहुत सुन्दर रचना । आभार

ढेर सारी शुभकामनायें.

SANJAY KUMAR
HARYANA
http://sanjaybhaskar.blogspot.com